राजनांदगांव, छत्तीसगढ़ | छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले के मोहत गांव में अवैध रेत खनन का विरोध करना तीन ग्रामीणों को भारी पड़ गया। बुधवार रात को संत कबीर जयंती के आयोजन के दौरान जब कुछ ग्रामीणों ने शिवनाथ नदी में चल रहे अवैध रेत खनन का विरोध किया, तो रेत माफियाओं ने उन पर लाठियों से हमला कर दिया और फायरिंग कर दहशत फैलाई।

बंसतपुर थाना क्षेत्र में हुई इस घटना में ग्रामीणों की सतर्कता और साहस से दो आरोपियों—स्थानीय पार्षद संजय रजक और एक जेसीबी मशीन चालक—को पकड़ लिया गया। ग्रामीणों की शिकायत पर पुलिस ने दोनों को गिरफ्तार कर लिया है। साथ ही एक जेसीबी मशीन और एक ट्रक को भी ज़ब्त किया गया है।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हमले के बाद जब अन्य ग्रामीण मौके पर पहुंचे, तो आरोपियों ने दो गाड़ियों में भागने की कोशिश की। भागते समय एक आरोपी ने हवा में दो से तीन राउंड फायरिंग भी की। हालांकि इस फायरिंग में किसी को चोट नहीं आई।

घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और घायल ग्रामीणों को इलाज के लिए अस्पताल पहुंचाया। पुलिस का कहना है कि भागने वाले अन्य रेत माफियाओं की तलाश जारी है, जिनमें से एक गाड़ी मध्यप्रदेश की पंजीयन संख्या की बताई गई है।

यह घटना छत्तीसगढ़ में अवैध रेत खनन और उससे जुड़े आपराधिक तंत्र की भयावहता को उजागर करती है। प्रशासन ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज कर दी है।

Leave a Reply

Trending

Discover more from Aaj Ki Janta

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading