रायपुर, 14 नवम्बर 2025।
छत्तीसगढ़ में 15 नवंबर से समर्थन मूल्य पर धान खरीदी शुरू होने जा रही है और राज्य भर के सभी 2739 उपार्जन केंद्रों में तैयारियां लगभग पूरी कर ली गई हैं। Chhattisgarh paddy procurement preparations को लेकर मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि किसानों को किसी प्रकार की परेशानी न हो और सभी केंद्रों में सुविधाएं सुचारू रूप से उपलब्ध रहें।

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि धान विक्रय के दौरान किसानों को कतार, व्यवस्था या भुगतान से जुड़ी कोई समस्या न आए। इसके लिए सहकारिता विभाग, मार्कफेड और खाद्य विभाग जिला प्रशासन के मार्गदर्शन में लगातार समीक्षा कर रहे हैं।


किसानों की सुविधा के लिए उपार्जन केंद्रों में व्यापक व्यवस्था

उपार्जन केंद्रों में बारदाना, फड़, चबूतरा, पीने के पानी, बैठने की छायादार व्यवस्था और अन्य आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित की जा रही हैं।
कलेक्टर और वरिष्ठ अधिकारी स्वयं मैदान में उतरकर केंद्रों का निरीक्षण कर रहे हैं, ताकि धान खरीदी के पहले ही सभी तैयारियां मजबूत हो सकें।


2739 केंद्रों में खरीदी और उठाव—दोनों के लिए व्यवस्था

इस वर्ष राज्य में 2739 उपार्जन केंद्र बनाए गए हैं। धान खरीदी के साथ-साथ क्रय धान के उठाव की सुचारू व्यवस्था भी सुनिश्चित की जा रही है, जिससे खरीदी केंद्रों में भीड़ या अव्यवस्था की स्थिति न बने।


अवैध धान परिवहन पर कड़ी निगरानी

धान की सुरक्षा और निष्पक्ष खरीदी सुनिश्चित करने के लिए सीमावर्ती जिलों में चेक पोस्ट स्थापित किए गए हैं। अन्य राज्यों से अवैध धान लाने-जाने पर रोक लगाने के लिए चौकसी बढ़ाई गई है।

साथ ही, धान को सुरक्षित रखने के लिए केंद्रों में तारपोलिन, ड्रेनेज व्यवस्था और सीसीटीवी कैमरे लगाए जा रहे हैं, ताकि हर गतिविधि पर निगरानी रखी जा सके।


टोकन व्यवस्था, स्टेकिंग और माइक्रो एटीएम से किसानों को मदद

खाद्य और सहकारिता विभाग ने समितियों को निर्देश दिए हैं कि वे उचित संख्या में ही टोकन जारी करें। धान की स्टेकिंग नियमानुसार की जाए और खराब मौसम की स्थिति में पहले से वैकल्पिक व्यवस्था तैयार रखी जाए।

किसानों को तात्कालिक जरूरत के लिए भुगतान प्राप्त हो सके, इसके लिए उपार्जन केंद्रों में माइक्रो एटीएम की सुविधा भी उपलब्ध करा दी गई है। यह सुविधा दूर-दराज के किसानों के लिए विशेष रूप से सहायक होगी।

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