Ganjpara Premier League: दुर्ग शहर के गंजपारा वार्ड में दूसरी बार आयोजित Ganjpara Premier League का भव्य समापन शुक्रवार देर रात सुराना कॉलेज मैदान में हुआ।
छह दिनों तक चले इस नाइट क्रिकेट टूर्नामेंट ने न केवल खेल प्रतिभा को मंच दिया, बल्कि सामाजिक एकता और आपसी सौहार्द की भी मिसाल पेश की।


6 टीमों ने दिखाई दमदार खेल भावना

गंजपारा प्रीमियर लीग में गंजपारा निवासियों की कुल 6 टीमों ने भाग लिया।
टूर्नामेंट में सभी उम्र के क्रिकेट प्रेमियों ने उत्साहपूर्वक हिस्सा लिया।
कड़े मुकाबलों के बाद महाकाल किंग्स और बालाजी सुपर किंग्स की टीमें फाइनल में पहुंचीं।


फाइनल मुकाबले में महाकाल किंग्स की शानदार जीत

फाइनल मैच सुराना कॉलेज मैदान में खेला गया।
पहले बल्लेबाजी करते हुए महाकाल किंग्स ने निर्धारित 10 ओवर में 98 रन बनाए।
जवाब में बालाजी सुपर किंग्स की टीम 48 रन ही बना सकी और महाकाल किंग्स ने कांटे के मुकाबले में खिताब अपने नाम कर लिया


खिलाड़ियों को मिले व्यक्तिगत पुरस्कार

Ganjpara Premier League में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को विशेष सम्मान दिया गया—

  • मैन ऑफ द सीरीज: सोनू चौहान
  • सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाज: प्रतीक टावरी
  • सर्वश्रेष्ठ गेंदबाज: सुशील पारख

इन पुरस्कारों ने खिलाड़ियों का उत्साह और बढ़ाया।


31 हजार की नकद राशि और कप से सम्मान

आयोजक समिति के ऋषि गुप्ता और मोहित पुरोहित ने बताया कि—

  • विजेता टीम महाकाल किंग्स को ₹31,000 नकद और विजेता कप
  • उपविजेता टीम बालाजी सुपर किंग्स को ₹21,000 नकद और कप

प्रदान कर सम्मानित किया गया।


सभी धर्म और समाज के लोगों ने लिया हिस्सा

इस टूर्नामेंट की सबसे खास बात यह रही कि गंजपारा के सभी धर्म और समाज के लोग एकजुट होकर खेले और मैच का आनंद लिया
मैच में 7 वर्ष के बच्चों से लेकर 62 वर्ष तक के खिलाड़ियों ने भाग लिया, जिसने इस आयोजन को और भी खास बना दिया।


अतिथियों और सहयोगकर्ताओं का सम्मान

मैच प्रारंभ होने से पूर्व पार्षद प्रतिभा सुरेश गुप्ता, संभव जैन, अजय शर्मा, दीपक चावड़ा, राजेश शर्मा और पप्पू दुबे अतिथि के रूप में उपस्थित रहे।

इसके अलावा टूर्नामेंट में सहयोग करने वाले सामाजिक संगठनों, व्यापारियों, अंपायर वसीम भाई, सभी टीम ऑनर्स और आयोजकों को प्रतीक चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।


खेल, उत्साह और एकता की मिसाल बना टूर्नामेंट

Ganjpara Premier League ने यह साबित कर दिया कि खेल केवल प्रतिस्पर्धा नहीं, बल्कि समाज को जोड़ने का सशक्त माध्यम भी है।
गंजपारा वार्ड का यह आयोजन आने वाले वर्षों के लिए भी प्रेरणास्रोत बन गया है।

Leave a Reply

Trending

Discover more from Aaj Ki Janta

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading